हत्याभियुक्त को 07 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा : 25,000 रुपये के अर्थदण्ड से किया गया दण्डित
Kunwar Diwakar Singh
Mon, Aug 25, 2025
बहराइच। न्यायालय पीठासीन अधिकारी अनिल कुमार, अपर सत्र न्यायाधीश (एफ.टी.सी.-द्वितीय) द्वारा हत्या के दोषी अभियुक्त को 07 वर्ष का सश्रम कारावास व 25 हजार रूपये के अर्थदण्ड दण्डित किया गया। वादी मुकदमा अनोखे यादव द्वारा 22 जनवरी 2004 को थाना पयागपुर में सूचना दी गयी कि 21 जनवरी 2004 को रात लगभग 08.30 बजे वादी की पत्नी श्रीमती फूला देवी को जान से मारने की नीयत से विपक्षीगणों द्वारा घर में घुसकर वादी की पत्नी पर गोली चलाई गई थी। थाना पयागपुर में वादी की लिखित तहरीरी सूचना के आधार पर 22 जनवरी 2004 को मुअसं. 37/2004 धारा 307/34, 120(बी) के तहत संतोष तिवारी पुत्र रामफेरन, रामफेरन पुत्र शिव गुलाम, रामलगन पुत्र शिव गुलाम, बृजेश पुत्र तीरथराम, विलास पुत्र तीरथराम के विरूद्ध पंजीकृत किया गया था। तत्कालीन विवेचक उ.नि. मुंशीलाल प्रेमी द्वारा साक्ष्य संकलन, गवाहों की गवाही व विवेचनात्मक कार्यवाही के उपरान्त अभियुक्तगण संतोष तिवारी, रामफेरन, रामलगन, बृजेश व विलास के विरुद्ध आरोप पत्र 20 फरवरी 2004 को धारा 307/34, 120(बी) भा.द.वि. दाखिल किया गया। न्यायालय द्वारा 30 जनवरी 2006 को आरोपों को विरचित किया गया। प्रभावी पैरवी के फलस्वरुप सोमवार को दोषी अभियुक्त विलास पुत्र तीरथराम उपरोक्त को 07 वर्ष का सश्रम कारावास व 25000 रुपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया। अर्थदण्ड न अदा करने पर 06 माह के अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी। जबकि मुकदमें के दौरान अभियुक्त संतोष तिवारी पुत्र रामफेरन, रामफेरन पुत्र शिव गुलाम व बृजेश पुत्र तीरथराम की मौत हो गई थी। वहीं न्यायालय द्वारा साक्ष्य के अभाव में रामलगन पुत्र शिव गुलाम को दोषमुक्त करार दिया गया।
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