: डीएम की अध्यक्षता में माध्यमिक शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक सम्पन्न
Thu, Aug 1, 2024
बहराइच। माध्यमिक शिक्षा विभाग अन्तर्गत प्रोजेक्ट अलंकार योजना में विगत 03 वर्षों के स्वीकृत कार्यों की वित्तीय एवं भौतिक प्रगति की समीक्षा हेतु कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक के दौरान जिलाधिकारी मोनिका रानी ने जिला विद्यालय निरीक्षक को निर्देश दिया कि सम्बन्धित कार्यदायी संस्थाओं के साथ बैठक कर यह सुनिश्चित करें कि कोई कार्य अनारम्भ की स्थिति में रहने पाये। जिन परियोजनाओं में अगली किश्त की मांग की जा रही है ऐसे प्रोजेक्ट की तकनीकी टीम से जांच कराने के उपरान्त ही अगली किश्त जारी करने की कार्यवाही अमल में लायी जाय। डीएम ने प्रोजेक्ट अलंकार के शिथिल प्रगति के लिए सम्बन्धित की जिम्मेदारी तय कर उनके विरुद्ध कार्यवाही हेतु पत्रावली प्रस्तुत की जाय। बैठक के दौरान डीएम ने शासन द्वारा नामित कार्यदायी संस्था यूपीसीएलडीएफ अयोध्या, यूपी सिडको, ग्रामीण अभियन्त्रण विभाग, सी. एण्ड डी.एस. एवं डीएम द्वारा नामित कार्यदायी संस्था लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिया कि प्रोजेक्ट अलंकार योजनान्तर्गत राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में वृहद मरम्मत, अवस्थापना सुविधाए, जीर्णाेद्धार तथा पुनर्निर्माण/अनुरक्षण सम्बन्धी कार्याे को समय से पूर्ण कराया जाय। डीएम ने डीआईओएस को निर्देश दिया कार्यस्थलों का नियमित रूप से निरीक्षण करते हुए यह सुनिश्चित किया जाय कि शासन द्वारा निर्धारित मानक एवं गुणवत्ता के साथ कार्य को पूरे हों। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी रम्या आर, जिला विद्यालय निरीक्षक मनोज कुमार अहिरवार, अधि.अभि. लो.नि.वि. प्रदीप कुमार, यूपी सीएलडीएफ के अरूण कुमार मौर्या, यूपी सिडको के घनश्याम बिरला, सहायक अभियन्ता लो.नि.वि. अंकित वर्मा सहित अन्य कार्यदायी संसथाओं के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
: आखिर किसके दबाव में 23 आरक्षियों के स्थानान्तरण हुए निरस्त
Thu, Aug 1, 2024
बहराइच। पुलिस अधीक्षक वृंदा शुक्ला द्वारा बीते दिनों कई आरक्षियों के कार्य क्षेत्र में बदलाव करते हुए उन्हें थानांे से पुलिस लाइन भेज दिया गया था। गुरूवार को स्थानान्तरित आरक्षियों में से 23 आरक्षियों का स्थानान्तरण निरस्त कर उन्हें पूर्व की तैनाती पर वापस कर दिया गया। ऐसे में सवाल यह उठ रहा है कि लम्बे समय से थानों पर तैनात इन आरक्षियों का स्थानान्तरण किसके दबाव में निरस्त किया जा रहा है। ज्ञातव्य हो कि इससे पूर्व भी कुछ पुलिसकर्मियों के स्थानान्तरण निरस्त किये जा चुके है। जो कि विभाग में चर्चा का विषय बना हुआ है।
नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी को दस वर्ष की सजा
न्यायालय द्वारा लगाया गया 50 हजार रूपये का अर्थदण्ड
बहराइच। नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी को न्यायालय द्वारा दस वर्ष की कारावास की सजा सुनाते हुए पचास हजार रूपये का अर्थदण्ड लगाया गया है। मामला बीते 12 मई 2018 का है। थाना विशेश्वरगंज क्षेत्र की एक महिला द्वारा तहरीर दी गई थी कि अहिरनपुरवा गुजरा निवासी संतोष यादव पुत्र केशव द्वारा उनकी नाबालिग बेटी को शौच जाते समय पकड़कर अश्लील हरकत की गई। जिस पर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। विवेचना उपरान्त धारा 376 व पाक्सो एक्ट तथा दलित एक्ट के आरोप भी तय किए गए थे। आरोप पत्र 16 अगस्त 2018 को न्यायालय पर प्रेषित किया गया था। मामला न्यायालय पाक्सो एक्ट दीपकांत मणि के अदालत पर विचाराधीन था। अदालत द्वारा दोनों पक्षों की जिरह व बहस के बाद संतोष यादव को दोषी करार देते हुए दस वर्ष का कठोर कारावास व पचास हजार रूपये का अर्थदण्ड लगाया गया है। अर्थदण्ड जमा न करने की स्थिति में आरोपी को पांच माह का अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी पड़ेगी।
: डीएम के निर्देश पर इंचार्ज प्रधानाध्यापक को मिली प्रतिकूल प्रविष्टि
Thu, Aug 1, 2024
मंगलवार को डीएम ने किया था विद्यालय का निरीक्षण
बहराइच। परिषदीय विद्यालयों के शिक्षण कार्य की गुणवत्ता, शिक्षक-शिक्षिकाओं व छात्र-छात्राओं की उपस्थिति, मध्यान्ह भोजन, निःशुल्क पुस्तक एवं ड्रेस वितरण, आधार फीडिंग, विद्यालय परिसर की साफ-सफाई इत्यादि का जायज़ा लेने के उद्देश्य से बीते मंगलवार को जिलाधिकारी मोनिका रानी द्वारा पीएमश्री उच्च प्राथमिक विद्यालय गम्भीरवा का औचक निरीक्षण किया गया था। निरीक्षण के दौरान व्यवस्थाएं दुरूस्त न पाये जाने पर डीएम के निर्देश पर अपने पदीय उत्तरदायित्वों के प्रति उदासीन पाये जाने तथा शासकीय कार्यों में उदासीनता बरतने पर प्रभारी प्रधानाध्यापक रजनीश कुमार पाठक को प्रतिकूल प्रविष्टि प्रदान की गई है।